खोज
हिन्दी
शीर्षक
  • English
  • 正體中文
  • 简体中文
  • Deutsch
  • Español
  • Français
  • Magyar
  • 日本語
  • 한국어
  • Монгол хэл
  • Âu Lạc
  • български
  • bahasa Melayu
  • فارسی
  • Português
  • Română
  • Bahasa Indonesia
  • ไทย
  • العربية
  • čeština
  • ਪੰਜਾਬੀ
  • русский
  • తెలుగు లిపి
  • हिन्दी
  • polski
  • italiano
  • Wikang Tagalog
  • Українська Мова
  • Others
  • English
  • 正體中文
  • 简体中文
  • Deutsch
  • Español
  • Français
  • Magyar
  • 日本語
  • 한국어
  • Монгол хэл
  • Âu Lạc
  • български
  • bahasa Melayu
  • فارسی
  • Português
  • Română
  • Bahasa Indonesia
  • ไทย
  • العربية
  • čeština
  • ਪੰਜਾਬੀ
  • русский
  • తెలుగు లిపి
  • हिन्दी
  • polski
  • italiano
  • Wikang Tagalog
  • Українська Мова
  • Others
शीर्षक
प्रतिलिपि
आगे
 

नर्क का दौरा, भाग 7 - मांस उद्योग में काम करने वाले लोगों और मांस खाने के शौकीन लोगों को मिलने वाली सजा का साक्षी

विवरण
डाउनलोड Docx
और पढो

वर्तमान में, जानवरों को बेहद क्रूर तरीके से प्रताड़ित किया जाता है और पशुधन कारखानों और बूचड़खानों में अत्यधिक दर्द सहते हैं। हालांकि, मांस उद्योग में काम करने वाले लोगों को कोई अंदाजा नहीं है कि करुणा के पूर्ण अभाव पर आधारित जीवनयापन करने के परिणामस्वरूप उनकी आत्मा को क्या सामना करना पड़ेगा।

मेरे हाल के ध्यान के दौरान, मेरे आंतरिक गुरु मुझे और एक चीनी बहन को मांस उद्योग में काम करने वाले लोगों और मांस खाने के शौकीन लोगों को मिलने वाली सजा को देखने के लिए नरक की यात्रा पर ले गए। हमें वापस आना था और अपने अनुभव को सभी तक पहुंचाना था।

जब हम नरक में पहुंचे, तो पूज्यनीय क्सिटिगर्भा (धरती संग्रह) बोधिसत्व हमें नरक में कई स्थानों के दौरे पर ले गये। क्सिटिगर्भा बोधिसत्व बहुत ही प्रतिष्ठित और दिव्य लग रहे थे - बिल्कुल मंदिरों में प्रदर्शित छवियों की तरह।

हमने जीवंत त्वचा निकालने वाले नर्क को देखा। वहाँ अपराधियों ने, पृथ्वी पर अपने समय के दौरान, लोमड़ियों और अन्य जानवरों की जीवित खाल निकाली थी। इसलिए, उन्हें नरक में रहते हुए उसी पीड़ा से गुजरना पड़ा। तब तक उनकी चमड़ी उतारी गयी जब तक वे एक खूनी गंदगी नहीं बन गए। वे धीरे-धीरे मरते, फिर उनके शरीर ठीक हो जाते और बार-बार खाल उधेड़ने की यातना से गुजरते! बूचड़खानों में काम करने वाले अपराधियों को उनके एक पैर से उल्टा लटका दिया गया था। उनके पेट को काट दिया गया और उनकी अंतड़ियों को बाहर निकाल दिया गया। या फिर दो मीटर के काले लोहे के हथौड़े से उनके सिर पर जोर से वार किया गया उन्हें मौत के घाट उतारने से पहले। कुछ को टुकड़ों में काट दिया गया और एक बड़े डिब्बे में भर दिया गया, जैसे डिब्बाबंद कुत्ते के भोजन बनाते हैं। कुछ लोगों के शरीर में तब तक गैस का इंजेक्शन लगाया गया जब तक दबाव बहुत अधिक नहीं हो गया और उनकी आँखें बाहर नहीं निकल आयी! सीधे शब्दों में कहें तो, जिस तरह से पशु कारखानों और बूचड़खानों में लोग जानवरों को प्रताड़ित करते हैं और उनका वध करते हैं, उन्हें नरक में रहते हुए उसी शारीरिक उपचार के अधीन किया जाएगा, लेकिन यह कई गुना अधिक तीव्र होगा।

इसके अलावा, पशुधन कारखानें और बूचड़खानें जानवरों को यातना देने और मारने के लिए जो भी नए विचार लाते हैं, वे स्वचालित रूप से उन्हीं नए दंडों के साथ नरक को प्रकट करेंगे। यह वास्तव में भयावह है!

जो लोग मांस खाते हैं या रसोईये जो लोगों के खाने के लिए मांस पकाते हैं, हत्या के भागीदार हैं, और उन्हें भी भयानक दंड मिलेगा! उदाहरण के लिए, उस व्यक्ति के शरीर के माध्यम से मुंह से पीछे तक एक लंबी छड़ डाली जा सकती है, और फिर एक घूमने वाली ग्रिल रैक पर सुअर की तरह भुना जा सकता है। या, उन्हें पकाया जा सकता है, एक विशाल चाकू के साथ टुकड़ों में काटा जा सकता है, और जमीन पर रखा जा सकता है, जैसे कि वे चिकन मांस हैं जिसे खाने की मेज पर परोसा जाता है। कुछ अपराधियों के शरीर खोले और चपटे किए जाते हैं और फिर उन पर चाकू से बारीक पैटर्न उकेरे जाते हैं - जिस तरह से समुद्री भोजन, जैसे कि स्क्वीड या कैलामारी को, खाने के लिए तैयार किया जाता है।

हमारे अवलोकनों को यहाँ इस तरह प्रस्तुत किया जा सकता है: जिस तरह से मांस रसोई में पकाया जाता है हमें बताता है कि मांस खाने वाले को नरक में कैसा कष्ट होगा।

मनुष्य की मांस खाने की द्वेषपूर्ण आदत जानवरों को अथाह पीड़ा देती है। हमारा तालू संतुष्ट हो सकता है, लेकिन मरने के बाद, हम भयानक नरकों में गिरेंगे और सभी प्रकार की सजा प्राप्त करेंगे, एक के बाद एक नरक में बिना अंत के। हम जिस तरह का मांस खाते हैं उसके आधार पर, हमें उसी यातना से गुजरना होगा, जो उन जानवरों ने झेला, बिना राहत के बहुत लंबे समय तक!

अगर लोग खुद ही देख लें, सिर्फ एक बार, मांस खाने वालों को नरक में कैसे सजा दी जाती है, कोई भी मांस खाने की हिम्मत नहीं करेगा, भले ही लोग हमसे मिन्नतें ही क्यों न करें! आज दुनिया में, अत्यधिक मांस की खपत पहले ही सभी प्रकार की विपत्तियों और प्राकृतिक आपदाओं को जन्म दे चुकी है। हम आशा करते हैं कि लोग जल्दी ही वीगन भोजन में परिवर्तित होंगे!

मांस उद्योग में लोग, कृपया शीघ्र पश्चाताप करें और एक नया व्यवसाय खोजें, ताकि आप समय पर नरक में पीड़ित होने से खुद को बचा सकें और ग्रह को तबाही से बचा सकें!

आदरपूर्वक मास्टर के सुखी और शांतिपूर्ण जीवन की कामना करते हैं, और एक वीगन दुनिया के लिए मास्टर की इच्छा जल्दी से पूरी हो!

संयुक्त रूप से चीन में एक महिला शिष्या जी क्वांग और ताइवान (फॉर्मोसा) में महिला शिष्या लिंग ह्सिन द्वारा रिकॉर्ड किया गया।

वीगन: क्योंकि कल्पना नहीं कर सकते अगर हमें प्रताड़ित किया जाता है।

मास्टर के प्रत्येक शिष्य के पास समान, भिन्न या अधिक आंतरिक आध्यात्मिक अनुभव और/या बाहरी दुनिया का आशीर्वाद है; ये बस कुछ नमूने हैं। आमतौर पर हम उन्हें अपने तक रखते हैं मास्टर की सलाह के अनुसार।

अधिक जानकारी और मुफ्त डाउनलोड के लिए, कृपया देखें SupremeMasterTV.com/to-heaven

और देखें
प्रकरण  7 / 12
1
2021-05-24
20460 दृष्टिकोण
2
2021-05-24
11120 दृष्टिकोण
4
2021-05-24
9755 दृष्टिकोण
11
2023-06-12
2446 दृष्टिकोण
12
2023-10-19
1516 दृष्टिकोण
और देखें
नवीनतम वीडियो
33:14

उल्लेखनीय समाचार

100 दृष्टिकोण
2024-04-17
100 दृष्टिकोण
2024-04-17
126 दृष्टिकोण
साँझा करें
साँझा करें
एम्बेड
इस समय शुरू करें
डाउनलोड
मोबाइल
मोबाइल
आईफ़ोन
एंड्रॉयड
मोबाइल ब्राउज़र में देखें
GO
GO
Prompt
OK
ऐप
QR कोड स्कैन करें, या डाउनलोड करने के लिए सही फोन सिस्टम चुनें
आईफ़ोन
एंड्रॉयड